शनिवार को पीपल पर जल और दीपक
परंपरा: भारतीय (सनातन) · प्रमाण: क्षेत्रीय लोक-परंपरा · तरीका: पूजा-उपाय
उद्देश्य: शांति और सामंजस्य
पृष्ठभूमि
पीपल पवित्र वृक्ष है और गुरु की समिधा है; शनिवार को पीपल पर जल और सरसों के तेल का दीपक जलाने की लोक-परंपरा शनि शांति से जोड़ी जाती है।
सामग्री
- जल (चाहें तो थोड़ा कच्चा दूध और काले तिल)
- सरसों या तिल के तेल का दीपक
विधि (क़दम-दर-क़दम)
- सुबह पीपल की जड़ में जल चढ़ाएँ।
- शाम को दीपक जलाएँ।
- परिक्रमा करके प्रार्थना करें।
कहाँ / कब: शनिवार
विकल्प: —
⚠ सावधानी: लोक-परंपरा है; शास्त्रीय विधान का दावा नहीं। दीपक आग से सुरक्षित जगह रखें।
मिलते-जुलते उपाय
व्यक्तिगत संकल्प पोटलीसामंजस्य पोटलीनींद पोटलीध्यान पोटलीप्रेम और सामंजस्य स्नानशांति और विश्राम स्नान
पारंपरिक या प्रतीकात्मक प्रथा; कोई परिणाम गारंटीड नहीं। यह चिकित्सा, क़ानूनी या आर्थिक सलाह का विकल्प नहीं। कोई मिश्रण खाना-पीना नहीं; बच्चों और पालतू जानवरों से दूर रखें।
The Mystic Prragati